प्रतिज्ञा 2
Pratigya 2, Update

प्रतिज्ञा 2: 41 वें एपिसोड की शुरुआत होती है,प्रतिज्ञा अपने कमरे में निराश मन से बैठी होती है,उसी बीच कृष्णा कमरे में प्रवेश करता है। कृष्णा, प्रतिज्ञा से माफी मांगते हुए प्रतिज्ञा का सामान उठाने लगता है और वह उसे अपने साथ चलने को कहता है। प्रतिज्ञा गुस्से में कृष्णा को डांटने लगती है और बिना परमिशन के कमरे में प्रवेश करने के लिए खरी – खोटी सुनाने लगती है। कृष्णा प्रतिज्ञा की बातों से बिल्कुल दुखी हो जाता है। दूसरी तरफ कोमल यह बात सोचकर परेशान है,की प्रतिज्ञा के लिए आदर्श ने उसे खरी – खोटी सुना दिया,वह वही खड़ी यह सब सोचकर बड़बड़ा रही होती है,इसी बीच ठकुराइन उसके सामने से गुजर रही होती है। कोमल ठकुराइन से अपने और आदर्श की शादी का प्रस्ताव रखती है,और सज्जन सिंह को इस बात के लिए मनाने के लिए कहती है। ठाकुराइन अपनी बेटी कोमल पर बिल्कुल गुस्सा हो जाती है,और यह सब करने से मना कर देती है,जिसपर कोमल अपनी अम्मा को ब्लैक मेल करती है और कहती है,की यदि तुमने बाबूजी को मेरे और आदर्श की शादी के लिए नहीं मनाया तो हम कृष्णा भाई को जाकर बता देंगे,की तुम प्रतिज्ञा को जहर दे रही हो। ठाकुराइन,कोमल की शर्तों को मान लेती है,और सज्जन सिंह को मनाने के लिए तैयार हो जाती है।

इधर कृष्णा,प्रतिज्ञा द्वारा खरी – खोटी सुनने के बाद भी उसे मनाने की कोशिश करता है,लेकिन प्रतिज्ञा नही मानती है,और उसे जलील करती जाती है। अंत में प्रतिज्ञा,कृष्णा को जलील करते हुए कहती है,की तुम जो मेरे पीछे – पीछे ,कुत्ते की तरह  मेरा पल्लू पकड़े हुए आते हो,इसके कारण मैं तुम्हारे पास भागी – भागी नही आऊंगी। कृष्णा, प्रतिज्ञा द्वारा बेइज्जत होने के पश्चात और उसकी इस प्रकार की बातों से गुस्सा हो जाता है और प्रतिज्ञा पर चिल्लाने लगता है,कृष्णा को प्रतिज्ञा बाहर जाने के लिए बोलती है और उसको कमरे के बाहर निकालकर उसके मुंह के सामने ही दरवाजा बंद कर लेती है। कृष्णा बहुत दुख में अपने कमरे में चला जाता है।

आदर्श, कृष्णा के दुख को देख नही पाता है,और वह प्रतिज्ञा के पास जाता है। आदर्श,प्रतिज्ञा को कहता है,की आप इस तरह बेइज्जती करके कृष्णा भैया को अपने से दूर नहीं कर सकती है,आपको अपने बीमारी के बारे में उन्हे बता देना चाहिए। प्रतिज्ञा उसे अपने बीमारी की बात बिलकुल नहीं बताना चाहती है। आदर्श,प्रतिज्ञा की बीमारी की बात कृष्णा को बताने के लाइट जाता है,इस पर प्रतिज्ञा उसे अपनी कसम देकर रोक लेती है और उसे अपने कमरे में बुला लेती है। ठाकुराइन पूरी घटना दूर से देख रही होती है। वह प्रतिज्ञा द्वारा कृष्णा की बेइज्जती करने से बेहद खुश हो जाती है।

ठाकुराइन फिर गीत गाते हुए फॉर्महाउस के हाल में पहुंचती है,जहां वह मीरा को काम करते हुए देखती है। वह ग्लास से पानी लेकर अपने मुंह पर मारती है,और जमीन पर बैठकर रोने लगती है। मीरा, ठकुराइन को रोता देख तुरंत उसके पास आती है,और उससे रोने का कारण पूछने लगती है। ठकुराइन,मीरा को प्रतिज्ञा द्वारा कृष्णा को जलील होने की बात मीरा को बताती है,और वह कृष्णा से बात करने के लिए मीरा को भेजना चाहती है। मीरा,कृष्णा के पास नही जाना चाहती है,लेकिन ठकुराईन द्वारा बार – बार आग्रह करने पर वह कृष्णा के पास जाने के लिए तैयार हो जाती है। ठकुराईन,मीरा के जाने के बाद खुश हो जाती है।

इधर दूसरी तरफ प्रतिज्ञा और आदर्श में प्रतिज्ञा को बीमारी को लेकर बहस हो रही होती है। प्रतिज्ञा,आदर्श को बताती है,की यदि कृष्णा को मेरी बीमारी का पता चला तो,वह खुद को मार लेगा,इसलिए हम नही चाहते हैं,की वह ऐसा कुछ करे। हमे जो होना है,वह तो होगा,लेकिन हम नही चाहते की कृष्णा को कुछ हो जाए। वह आदर्श को कहती है, की तुम्हे कृष्णा के दिल में मेरे लिए नफरत पैदा करने में मदद करनी होगी। जिसके बाद वह मुझसे दूर हो जाएगा और मेरी जगह कोई और ले लेगा। आदर्श प्रतिज्ञा से पूछता है,की क्या आप मीरा को कृष्णा भैया के लिए सही लड़की मानती है? प्रतिज्ञा,मीरा के गुणों को बताते हुए हां में जवाब देती है। उसके बाद आदर्श प्रतिज्ञा से पूछने लगता है,की मैं इन सबमें आपकी किस प्रकार मदद कर सकता हूं? प्रतिज्ञा फिर आदर्श को कुछ बताती(प्रतिज्ञा की बातों को मौन रखा गया है) है,जिसे आदर्श इंकार कर देता है। प्रतिज्ञा उससे फिर वह काम करने के लिए आग्रह करती है। आदर्श तैयार नहीं होता है। प्रतिज्ञा,आदर्श को उस काम को अपनी अंतिम इच्छा बताती है। एपिसोड यहीं समाप्त हो जाता है।

भारत प्रहरी

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